नक्सली शहीद सप्ताह में पुलिस सतर्क
नक्सल प्रभावित बस्तर में माओवादी द्वारा मनाए जा रहे नक्सली शहीदी सप्ताह का पूरा असर देखा गया है। उद्योग घरानों का विरोध करने के साथ ही नक्सली अब रात्रि में चलने वाली यात्री बसों की तलाशी भी ले रहे हैं। नक्सलियों को शक है कि पुलिस किसी योजना के तहत उन तक पहुंच सकती है। यात्री बसों और निजी फोर व्हीलर वाहनों के लिए फरमान जारी करते हुए गाड़ी के भीतर की लाइट जलाए रखने का फरमान भी नक्सलियों ने जारी किया है। प्रदेश से लगे नक्सल प्रभावित उड़ीसा ,महाराष्ट्र के साथ साथ बस्तर संभाग में नक्सली शहीदी सप्ताह का असर छाया हुआ है। वर्दीधारी नक्सली किसी भी मोड़ और दूरस्थ इलाके में जंगल से निकल कर सामने आ जाते हैं। यात्री बस और आंध्रप्रदेश की ओर से आने वाले मालवाहक वाहनों को रोककर तलाशी ली जा रही है। यात्री बसों में सवार यात्रियों के जरिए वे अपना संदेश भी प्रचारित कर रहे हैं। पुलिस ने भी नक्सली पर्चे बरामद किया है। पर्चों में स्थानीय गोढ़ी और हल्बी भाषा का प्रयोग भी किया गया है। नक्सली अपनी शहीदी सप्ताह में पूरी तरह सर्तकता बरत रहे है। खुफिया तंत्र के मुताबिक प्रदेश में विधानसभा सत्र चलने और ३ अगस्त को न...